शिष्य से हारने में ही गुरु का गौरव : मोरारी बापू
एक तरफ रामकथा की अमृत वर्षा हो रही थी तो दूसरी ओर मेघ वर्षा। एक तरफ भाव- विभोर हो श्रद्धालु अश्रुधार बहा रहे थे तो दूसरी ओर श्रद्धा के तालाब में गोते लगा रहे थे।from Jagran Hindi News - uttar-pradesh:kanpur-city https://www.jagran.com/uttar-pradesh/kanpur-city-18261288.html
Comments
Post a Comment